
धान खरीदी में करोड़ों के शॉर्टेज का आरोप, कांग्रेस ने जांच की उठाई मांग
राजनांदगांव जिले में धान खरीदी केंद्रों में सामने आए कथित शॉर्टेज मामले को लेकर कांग्रेस ने प्रदेश सरकार और प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। ब्लॉक कांग्रेस कमेटी छुरिया के महामंत्री ललित साहू ने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
ललित साहू ने आरोप लगाया कि धान खरीदी केंद्रों में हजारों क्विंटल धान की कमी सामने आना बड़ी प्रशासनिक लापरवाही और मिलीभगत को दर्शाता है। उनका कहना है कि जिन अधिकारियों और कर्मचारियों पर धान की सुरक्षा और खरीदी व्यवस्था की जिम्मेदारी थी, उन्हीं की निगरानी में अनियमितताएं हुईं।
20 करोड़ से अधिक के शॉर्टेज का दावा
कांग्रेस नेता के अनुसार विपणन वर्ष 2025-26 में जिले के विभिन्न धान खरीदी केंद्रों में करीब 65 हजार क्विंटल से अधिक धान का शॉर्टेज सामने आया है, जिसकी अनुमानित कीमत 20 करोड़ रुपये से ज्यादा बताई जा रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि छुरिया तहसील के कुहीकला, लाल बहादुर नगर तहसील के बागरेकसा और डोंगरगढ़ तहसील के मोहारा सहित कई केंद्रों में लाखों रुपये की गड़बड़ी सामने आई है।
भाजपा नेताओं और अधिकारियों पर लगाए आरोप
ललित साहू ने कहा कि धान खरीदी के दौरान किसानों के घरों तक जाकर जांच करने वाला प्रशासन खरीदी केंद्रों में हुई अनियमितताओं को रोकने में विफल रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ प्रभावशाली लोगों और अधिकारियों के संरक्षण में धान की हेराफेरी की गई।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि समय रहते निगरानी की जाती तो इस तरह की स्थिति नहीं बनती।
दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग
कांग्रेस नेता ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों, कर्मचारियों और संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की गड़बड़ियों की पुनरावृत्ति न हो।


